वरिष्ठ राजनेता राजपाल त्यागी का हुआ निधन, राजनीतिक गलियारों में दौड़ी शोक की लहर

गाजियाबाद। मुरादनगर विधानसभा क्षेत्र से छह बार के विधायक रहे एवं उत्तर प्रदेश सरकार में कैबिनेट मंत्री रह चुके राजपाल त्यागी का आज शुक्रवार की सुबह एक निजी अस्पताल में निधन हो गया। उनके पार्थिव शरीर को गाजियाबाद लाया गया और दोपहर बाद लोहियानगर स्थित उनके आवास से अंत्येष्ठि के लिए हिंडन तट स्थित मोक्षस्थली पर ले जाया गया, जहां उनका विधि विधान से अंतिम संस्कार किया गया। पूर्व विधायक राजपाल त्यागी के निधन की खबर से राजनीतिक गालियारों में शोक की लहर दौड़ गई और उनके आवास तथा हिंडन नदी पर बड़ी संख्या में विभिन्न राजनीतिक पार्टियों के नेता और शहर के कई गणमान्यों, विभिन्न सामाजिक संस्थाओं के प्रतिनिधि, मीडियाकर्मी आदि ने उन्हें भावभीनी श्रद्धांजलि अर्पित की। राजनीतिक जीवन में राजपाल त्यागी ने लंबा और प्रभावशाली सफर तय किया। वह आठ वर्षों तक कांग्रेस के जिला अध्यक्ष रहे और दो बार कांग्रेस, एक बार सपा, एक बार बसपा और दो बार
निर्दलीय विधायक के रूप में चुने गए। वे तीन बार राज्य सरकार में कैबिनेट मंत्री भी रहे। उनके जनाधार की पकड़ इतनी मजबूत थी कि विभिन्न दलों से चुनाव लड़कर उन्होंने बार-बार विजय हासिल की। वर्ष 2012 में वे चुनाव हार गए, लेकिन उनके बेटे अजीतपाल त्यागी ने 2017 और 2022 में भारतीय जनता पार्टी के टिकट पर मुरादनगर से जीत दर्ज की। राजपाल त्यागी का अंतिम संस्कार आज शाम 4 बजे हिंडन श्मशान घाट पर किया गया। अंतिम संस्कार में विभिन्न दलों के वरिष्ठ नेता, कार्यकर्ता और समर्थक बड़ी संख्या में शामिल हुए। उनके निधन से क्षेत्रीय राजनीति में एक युग का अंत माना जा रहा है। वहीं उनके निधन से क्षेत्र में भी शोक की लहर है।


