चर्चा-ए-आम

आओ नए साल में कुछ नया करें !

कमल सेखरी

हम वर्ष 2025 की दहलीज टाप कर नववर्ष 2026 में प्रवेश कर रहे हैं, इस नववर्ष में प्रवेश करने के साथ ही हम सबको मिलकर यह कल्पना और प्रार्थना करनी चाहिए कि इस नए साल में हम कुछ नया या बहुत कुछ नया अपने साथ लेकर अपने देश भारत की एक परिवर्तित तस्वीर बनाकर नववर्ष में प्रवेश करें। बीते वर्ष 2025 ने हमें कई तरह की पीड़ाएं दी हैं। जहां एक ओर हमारा देश निरंतर प्राकृतिक आपदाओं की चपेट में घिरा रहा खासतौर पर जल प्रलय के अनेकों प्रहारों ने हमें झकझोर कर रख दिया। इस वर्ष के दौरान हमारे सियासी नेताओं ने भी हमें रह रहकर मानसिक पीड़ाएं पहुंचाई। सत्ता में आसीन बड़े नेताओं ने और विपक्ष के भी कई बड़े नेताओं ने देश की अवाम की भावनाओं को रह रहकर चोट पहुंचाई और बुरी तरह से घायल भी किया। सड़कों से लेकर संसद के सदनों तक हिन्दू-मुसलमान और अगड़े-पिछड़ों के नाम पर खतरनाक सियासी खेल खेले गए। वर्ष 2025 के अंत में ईसाई समुदाय पर्व को लेकर भी देश के कई हिस्सों में हिन्दू संगठनों के नाम से दर्द पहुंचाने वाले पीड़ाजनक हमले किए गए। पूरे देश में कहीं भी आपसी सौहार्द, समन्वय, स्नेह और प्यार-मोहब्बत का कोई संदेश देश के राजनीतिक गलियारों से कहीं सुनाई नहीं पड़ा बल्कि इसके विपरीत घृणा, नफरत, हिंसा, की बातें हमारे देश के सियासी नेता पुरजोरता से फैलाते नजर आए। बीते पूरे साल में हमें कहीं ऐसा अहसास होता नजर नहीं आया कि हम उस देश के वासी हैं जहां गंगा-जमुना तहजीब का आचरण हमारी संस्कृति की प्रथम प्राथमिकता बनती आई हो। अब जब हम नए वर्ष 2026 में प्रवेश कर रहे हैं तो हमें चाहिए कि हम सब मिलकर वर्ष 2025 की सभी पीड़ादायक यादों को भुलाते हुए नई आशाओं, नई उम्मीदों और नई कल्पनाओं के साथ आगे बढ़ें और देश को बीते दिनों जो सियासी जख्म मिले हैं उन पर मरहम लगाएं। हमारे नववर्ष के प्रयासों में यह प्राथमिकता बनी रहनी चाहिए कि हम सब मिलकर देश में धार्मिक सौहार्द का वातावरण बनाएं, जातिवाद के मतभेदों को तनिक भी उभरने ना दें, हर धर्म, हर जाति के सभी लोग मिलकर देश में आपसी भाईचारे का वातावरण पैदा करें और उन सियासी नेताओं की मजहबी दुकानों पर ताला लगा दें जो नफरतों का जहर बेचती हैं। हमारे ये नए प्रयास और ये नई सोच देश को नए साल का एक तोहफा होगा और हमारा भारत जो अब तक सियासी कागजों पर ही बनता दिखाया जा रहा है वो सही मायने में हमारे संयुक्त प्रयासों से दुनिया का विश्व गुरु बनेगा। इन्हीं कामनाओं के साथ आप सभी को नववर्ष की शुभकामनाएं।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button