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केआईईटी में हुआ उद्भव स्टूडेंट इंडक्शन प्रोग्राम 2025 का भव्य शुभारंभ

  • दो सप्ताह यानी 6 सितंबर का किया जा रहा है आयोजन
  • विद्यार्थियों की बौद्धिक क्षमता का विकास व व्यावसायिक रूप से तैयार करना, भावनात्मक रूप से सशक्त बनाना है उद्देश्य
    गाजियाबाद। केआईईटी ग्रुप आॅफ इंस्टीट्यूशन्स, गाजिÞयाबाद ने स्टूडेंट इंडक्शन प्रोग्राम 2025 का शुभारंभ किया, जिसे इस वर्ष उद्भव नाम दिया गया है। यह कार्यक्रम 26 अगस्त 2025 से 6 सितम्बर 2025 तक परिसर में आयोजित किया जा रहा है। दो सप्ताह तक चलने वाला यह ओरिएंटेशन कार्यक्रम विशेष रूप से नए प्रवेश लेने वाले विद्यार्थियों को संस्थान की शैक्षणिक संस्कृति, परंपराओं और मूल्यों से परिचित कराने के उद्देश्य से तैयार किया गया है। कार्यक्रम का शुभारंभ विश्वप्रसिद्ध आध्यात्मिक गुरु एवं मानवतावादी श्री श्री रविशंकर के प्रेरणादायी संदेश से हुआ। उन्होंने अपने आशीर्वचनों से विद्यार्थियों को मार्गदर्शन प्रदान किया और उनके जीवन के इस नए अध्याय की शुरूआत के लिए उन्हें आशीर्वाद दिया। उनके संदेश ने विद्यार्थियों में आत्म-विकास, संतुलन और उत्कृष्टता की ओर अग्रसर होने की प्रेरणा जागृत की। उद्भव झ्र स्टूडेंट इंडक्शन प्रोग्राम 2025 के दूसरे दिन प्रख्यात मैनेजमेंट गुरु, अर्थशास्त्री एवं लेखक डॉ. अरिंदम चौधरी ने अपनी उपस्थिति से कार्यक्रम की शोभा बढ़ाई। उन्होंने नए विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए नेतृत्व, नवाचारपूर्ण सोच और व्यावसायिक सफलता में भावनात्मक बुद्धिमत्ता की महत्ता पर प्रभावशाली व्याख्यान दिया। डॉ. चौधरी ने जोर देकर कहा कि आज की तेजी से बदलती दुनिया में सफलता केवल तकनीकी दक्षता पर ही निर्भर नहीं करती, बल्कि आत्म-अध्ययन और निरंतर सुधार की प्रवृत्ति पर भी आधारित होती है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रतिदिन पुस्तकों का अध्ययन करने और पॉडकास्ट सुनने की प्रेरणा दी ताकि वे बदलते हुए वैश्विक परिदृश्य से हमेशा अद्यतन रह सकें और ग्रोथ माइंडसेट विकसित कर सकें। इस अवसर पर अपने विचार साझा करते हुए, काईट ग्रुप आॅफ इंस्टीट्यूशंस के कार्यकारी निदेशक, डॉ. मनोज गोयल ने कहा, उद्भव के माध्यम से, हमारा उद्देश्य छात्रों को मार्गदर्शन, अनुभव और प्रेरणा प्रदान करना है ताकि वे सहजता से अनुकूलन कर सकें और साथ ही उनके समग्र विकास को भी बढ़ावा दे सकें।” उन्होंने छात्र प्रेरण कार्यक्रम के सफल संचालन के लिए डॉ. सीएम बत्रा, विभागाध्यक्ष-अनुप्रयुक्त विज्ञान एवं मानविकी को भी बधाई दी। दो सप्ताह तक चलने वाले इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों को उद्योग, शिक्षाविदों और मोटिवेशनल वक्ताओं के साथ संवाद के अवसर प्राप्त होंगे। उद्भव 2025 का उद्देश्य न केवल विद्यार्थियों की बौद्धिक क्षमता का विकास करना है, बल्कि उन्हें व्यावसायिक रूप से तैयार करना, भावनात्मक रूप से सशक्त बनाना और उनके व्यक्तित्व का समग्र विकास करना भी है।

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