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राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान ग्रेटर नोएडा में शुरू होंगे स्नातक व परास्नतक पाठयक्रम

  • संस्थान की सातवीं शासी निकाय बैठक में कई अहम मुद्दों पर हुई चर्चा
    लखनऊ/ग्रेटर नोएडा।
    उत्तर प्रदेश के मुख्य सचिव एवं राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान के अध्यक्ष दुर्गा शंकर मिश्र की अध्यक्षता में प्रमुख सचिव, चिकित्सा शिक्षा एवं उपाध्यक्ष, राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान आलोक कुमार तथा महानिदेशक चिकित्सा शिक्षा की उपस्थिति में प्रशासनिक ब्लॉक के सभागार में संस्थान की सातवीं शासी निकाय की बैठक सम्पन्न हुई।
    मुख्य सचिव राजकीय आयुर्विज्ञान संस्थान ग्रेटर नोएडा पहुंचे जहां निदेशक डा. (ब्रिगे.) राकेश गुप्ता एवं प्रमुख सचिव, चिकित्सा शिक्षा आलोक कुमार ने पौधा भेंटकर उनका स्वागत किया। मुख्य सचिव द्वारा अस्पताल का निरीक्षण तथा संस्थान में नवस्थापित जीनोम सीक्वेंसिंग सुविधा का लोकार्पण करते हुये संस्थान के निदेशक डा. ब्रिगेडियर राकेश गुप्ता व लैब इंचार्ज डा. विवेक गुप्ता को बधाई दी।
    मुख्य सचिव की अध्यक्षता में आयोजित बैठक में कई अहम मुद्दों पर सहमति बनी तथा कई मुद्दों पर संस्थान स्तर पर ही कार्यवाही करने के निर्देश दिये गये। संस्थान के विभिन्न मुद्दों पर चर्चा हुई जिसमें संस्थान को आवंटित 56 एकड़ भूमि पर नवीन कॉलेज भवन व अन्य भवनों के निर्माण के साथ ही अस्पताल के बेसमेंन्ट की सीपेज का मुद्दा भी रहा। इसके साथ ही निदेशक डा. ब्रिगेडियर राकेश गुप्ता ने संस्थान में सुपर स्पेशियलिटी सुविधा, डायबिटीज केन्द्र, मोबाइल हैल्थ केयर यूनिट की स्थापना के साथ परास्नातक एमडी/एमएस पाठ्यक्रम प्रारम्भ किये जाने के बारे में अवगत कराया। साथ ही उन्होंने बताया कि संस्थान में शोध एवं प्रकाशन पर ध्यान दिया जा रहा है। वर्तमान में 150 से ज्यादा शोध कार्य एवं 200 से ज्यादा प्रकाशन प्रकाशित हो चुके हैं।
    मुख्य सचिव व प्रमुख सचिव द्वारा निदेशक के साथ प्रशासनिक ब्लॉक में वृक्षारोपण भी किया गया।
    प्रमुख सचिव आलोक कुमार ने कहा कि जिम्स ने ब्रिगेडियर राकेश गुप्ता के निर्देशन में इतने कम समय में ही संस्थान में इतनी सुविधाएं उपलब्ध करायी हैं जिसमें कई वर्ष लग जाते। निदेशक राकेश गुप्ता ने मुख्य सचिव के साथ सभी का आभार प्रकट करते हुए कहा कि यह सब उच्च अधिकारियों के निर्देशन एवं सहयोग से ही पूर्ण हुआ। इसके साथ ही उन्होंने बताया कि संस्थान में एमआरई मशीन लगाये जाने का काम लगभग पूर्ण होने को है, जुलाई 2022 से संस्थान में मरीजों व आस-पास के क्षेत्र वासियों को एमआरआई की सुविधा उपलब्ध हो जायेगी।
    बैठक में मुख्य कार्यपालक अधिकारी, ग्रेटर नोएडा, विकास प्राधिकरण तथा अटल बिहारी वाजपेयी चिकित्सा विश्वविद्यालय के कुलपति डा. एके सिंह तथा वित्त विभाग के प्रतिनिधि आॅनलाइन जूम एप पर तथा संस्थान के अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।

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