उत्साह, नवाचार और वैश्विक सहभागिता के साथ एकेजीईसी-2025 का द्वितीय दिवस सम्पन्न


गाजियाबाद। अजय कुमार गर्ग इंजीनियरिंग कॉलेज में द्वितीय इंटरनेशनल कॉन्फ्रेंस आॅन एडवांस्ड कंप्यूटिंग एंड इमर्जिंग टेक्नोलॉजीज का द्वितीय दिवस उत्साहपूर्ण एवं सफलतापूर्वक सम्पन्न हुआ। विश्वभर से आए विशेषज्ञों, शोधकर्ताओं और तकनीकी विशेषज्ञों ने उभरती तकनीकों, समाज में हो रहे परिवर्तनों तथा भविष्य की शोध दिशा पर अपने विचार साझा किए।
दिन की शुरूआत पहले कीनोट से हुई, जिसमें पिट्सबर्ग से आए राहुल आॅटाडे ने टेक्नोलॉजी एन्हांसमेंट संबंधी नवीन शोध गतिविधियों, समाज में हो रहे सकारात्मक परिवर्तन तथा तकनीकी नवाचारों की उपयोगिता पर अपने विचार रखे। इसके बाद कनाडा से आए कनहैया मनुजा ने चैट जीपीटी एवं जनरेटिव एआई के कारण हो रहे वैश्विक तकनीकी बदलावों को समझाया और बताया कि एआई भविष्य में किस प्रकार उद्योगों और समाज को नई दिशा प्रदान करेगा। तीसरे कीनोट में सिंगापुर के प्रोफेसर डा. अक्षय राठौर ने एमर्जिंग टैक्नोलॉजी फोर ए सस्टेनेबल फ्यूचर विषय पर अपनी विशिष्ट प्रस्तुति दी और बताया कि सतत विकास के लिए तकनीक कितनी महत्वपूर्ण है। समापनसत्र के दौरान महाविद्यालय के निदेशक डॉ. हेमंत आहूजा ने बताया कि सम्मेलन के लिए विश्वभर से कुल 1172 शोधपत्र प्राप्त हुए, जिनमें से कठोर समीक्षा प्रक्रिया के उपरांत केवल 200 उच्च-स्तरीय शोधपत्रों का चयन किया गया। उन्होंने सभी शोधकर्ताओं, वक्ताओं और अतिथियों का स्वागत एवं आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह सम्मेलन ज्ञान एवं शोध आदान-प्रदान का एक महत्वपूर्ण और प्रभावशाली मंच सिद्ध हुआ है।
(डॉ.) अमिता देव, सलाहकार एकेजीईसी ने तकनीकी जगत में हो रहे तीव्र परिवर्तनों और उनके सामाजिक प्रभावों पर अपने विचार प्रस्तुत किए। उन्होंने शोध संवर्धन एवं ऐसे अंतरराष्ट्रीय सम्मेलनों के आयोजन की आवश्यकता पर भी प्रकाश डाला तथा उपस्थित प्रतिभागियों के साथ महत्वपूर्ण जानकारियाँ साझा कीं। सम्मानित अतिथि प्रोफेसर डा.आशीष के सिंह, प्रोफेसर, एमएनएनआईटी इलाहाबाद ने आईईईई द्वारा विश्वभर में संचालित कार्यक्रमों, शोध अवसरों तथा तकनीकी समर्थन की जानकारी साझा की। मुख्य अतिथि प्रोफेसर. (डा.) मोहम्मद रीहान, महानिदेशक (एनआईएसई) ने अपने उद्बोधन में इंजीनियरिंग और नवाचार को सामाजिक विकास में उपयोग करने की आवश्यकता पर बल दिया तथा विद्यार्थियों को तकनीक को समाज सुधार के लिए साधन के रूप में अपनाने के लिए प्रेरित किया।
सम्मेलन को अत्सुयाटेक्नोलॉजीज प्राइवेट लिमिटेड, इलेक्ट्रॉनिकी और सूचना प्रौद्योगिकी मंत्रालय, तथा गाजिÞयाबाद प्रबंधन संघ का आर्थिक तथा तकनीकी सहयोग प्राप्त हुआ।
कान्फ्रेंंस जनरल चेयर प्रो. (डॉ.) अनु चौधरी ने सभी उपस्थित शोधकर्ताओं एवं प्रतिभागियों के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त करते हुए कहा कि एसीईटी-2025 ने उभरती हुई तकनीकों और शोध नवाचारों को एक ही मंच पर संगठित करके अत्यंत उल्लेखनीय उपलब्धि प्राप्त की है। उन्होंने सम्मेलन में प्राप्त सक्रिय सहयोग हेतु आईईईई यूपी सेक्शन के प्रति भी विशेष धन्यवाद व्यक्त किया। समारोह के अंत में सम्मेलन अध्यक्ष प्रो. (डा.) आयुषी प्रकाश ने सभी गणमान्य अतिथियों, प्रतिभागियों, शोधकर्ताओं, तकनीकी टीम एवं सहयोगी संस्थाओं का हार्दिक धन्यवाद ज्ञापित किया। मीडिया कॉर्डिनेटर की निशांत पाठक व मिस्टर शुक्ला ने भी जिम्मेदारी निभाई।



