उत्तर प्रदेशगाजियाबाद

टीओडी जोन के सर्वे का काम जल्द हो पूरा: अतुल वत्स

  • एनसीआरटीसी और कंसलटेट फर्म के प्रतिनिधियों के साथ प्राधिकरण उपाध्यक्ष ने की बैठक
    गाजियाबाद। शासन की ट्रांजिट ओरिएंटेड डेवलेपमेंट नीति 2022 के क्रियावयनन के अंतर्गत नमो भारत और मेट्रो के डेढ़ किलो मीटर के दायरे में टीओडी जोन विकसित किए जाने की दिशा में गाजियाबाद विकास प्राधिकरण के उपाध्यक्ष अतुल वत्स के द्वारा एनसीआरटीसी के अधिकारियों के साथ बैठक की गयी। बैठक के दौरान एनसीआरटीसी व उनके द्वारा नामित कंसलटेंट फर्म के प्रतिनिधि के द्वारा प्रस्तुतीकरण दिया गया। बैठक के दौरान नमो भारत और मेट्रो के डेढ़ किलो मीटर के दायरे में टीओडी जोन्स के जोनल प्लान तैयार किए जाने हेतु गाजियाबाद विकास प्राधिकरण से अपेक्षित सहयोग हेतु विस्तृत चर्चा की गई, जिनमें मुख्यता: ड्रोन सर्वे हेतु परमिशन , मास्टर प्लान की जीआईएस फाइल सर्वे के दौरान ट्रैफिक व्यवस्था हेतु सहयोग व क्षेत्र से संबंधित अन्य सहयोग भी अपेक्षित था। उपाध्यक्ष द्वारा एनसीआरटीसी व उनके द्वारा नामित कंसलटेंट फर्म को आश्वस्त किया गया कि उसे प्राधिकरण के द्वारा हर संभव सहयोग उपलब्ध कराया जाएगा, इसके लिए जरूरी समस्त दस्तावेजों की चेक लिस्ट बनाकर प्राधिकरण को उपलब्ध कराया जाए। साथ ही सचिव गाजियाबाद विकास प्राधिकरण व सीएटीपी को निर्देशित किया कि फर्म से समन्वय स्थापित कर शीघ्र ही निराकरण कराया जाए। ये भी निर्देश दिए गए कि सर्वे के काम को जल्द से जल्द पूरा किया जाए, ताकि लोगों को इस योजना का लाभ शीघ्र दिया जा सके, साथ ही निर्धारित किए जाने वाले एरिया में निजी पूंजी निवेश को बढावा दिया जा सकें। टीओडी जोन तय किया जाना समय की सबसे बडी आवश्यकता है। डेढ़ किलो मीटर के दायरे में आधुनिक सुविधाओं से युक्त आशियाना, व्यवसायिक के साथ औद्योगिक गतिविधियों को स्वीकृति दिए जाने से न केवल एनसीआर के अंतर्गत आने वाले गाजियाबाद में आवास की सुविधा उपलब्ध होगी, बल्कि व्यवसायिक गतिविधियों के आगे आने से रोजगार के भी अवसर प्राप्त होंगे। निजी क्षेत्र के लोग पूंजी निवेश कर सकें इसके लिए अधिक एफएआर व मिक्सड लेंड यूज दिए जाने की व्यवस्था सुनिष्चित की गई है। टीओडी जोन का उद्देश्य सार्वजनिक परिवहन के उपयोग को बढावा देना, शहरों में यातायात की भीड को कम करना और रहने योग्य और टिकाउ समुदायों का निर्माण करना है। देष में खासतौर से दिल्ली,मुम्बई और अहमदाबाद जैसे शहरों में टीओडी माडल को तेजी से अपनाया जा रहा है। यह एक ऐसी शहरी योजना है जो सार्वजनिक परिवहन के आस-पास केंद्रित है, जिसमें आवासीय,वाणिज्यिक और मनोरंजन क्षेत्रों को मिलाकर एक काम्पेक्ट, पैदल चलने योग्य समुदाय बनाया जाता हैै। बैठक के दौरान प्राधिकरण सचिव राजेश कुमार सिंह, अपर सचिव प्रदीप कुमार सिंह, सीएटीपी अरविंद कुमार, एनसीआरटीसी के प्रतिनिधि आरके सिंह, शुशांत शर्मा व अन्य उपस्थित रहे।

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