राहुल गांधी को गिरफ्तार कर जेल भेजो!

कमल सेखरी
यह बात अब समझ से बाहर होती जा रही है कि विपक्षी दल के नेता प्रतिपक्ष और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी अभी तक आजाद कैसे घूम रहे हैं उन्हें तो अब तक पकड़कर जेल भेज दिया जाना चाहिए था। देश के सत्ताधारी दल के कई नेता विधायक से लेकर सांसद और कैबिनेट मंत्री तक यहां तक कि गृहमंत्री और प्रधानमंत्री भी एक बार नहीं कई बार सार्वजनिक रूप से बयान देकर यह आरोप लगा चुके हैं कि राहुल गांधी देश के लोकतंत्र के लिए सबसे बड़ा खतरा हैं। राहुल गांधी जो रह रहकर बयान दे रहे हैं वो सभी बयान देश विरोधी हैं और उनसे देश में जात-पात का भेदभाव और धार्मिक उन्माद पैदा हो रहा है। इन सत्ताधारी नेताओं ने यह आरोप भी लगाए हैं कि राहुल गांधी आपरेशन सिंदूर के मामले को लेकर भारत के खिलाफ और पाकिस्तान के पक्ष में खड़े नजर आए हैं। राहुल गांधी के वोट चोरी के ऐसे बयानों को लेकर कि देश की मौजूदा सरकार वोट चोरी करके ही सत्ता में आई है और इस काम में देश के मुख्य चुनाव आयोग ने एक षडयंत्र के तहत भाजपा के साथ मिलकर कई राज्यों में भाजपा की सरकारें बनवाई हैं। भाजपा के शीर्ष नेताओं का भी यह आरोप रहा है कि राहुल गांधी अंतरराष्ट्रीय स्तर पर भारत की छवि खराब करने के अभियान में लगे हुए हैं। अभी बीते दिन भाजपा के कुछ नेताओं ने पत्रकारों से बातचीत में कहा है कि राहुल गांधी ने बांग्लादेश और पाकिस्तान में कुछ डिजिटल एजेंसियों के मार्फत देश की फिजा खराब करने के लिए कई संदेश सोशल मीडिया पर चलवाए हैं जिसके उनके पास मजबूत साक्ष्य हैं। अगर ऐसा सबकुछ हो रहा है और सत्ता दल के बड़े नेता जो राहुल गांधी पर खुलकर आरोप लगा रहे हैं यदि वे सत्य हैं तो अब तक राहुल गांधी को राष्टÑीय सुरक्षा अधिनियम के तहत गिरफ्तार क्यों नहीं किया गया है।
राहुल गांधी जो कह रहे हैं और उसके जवाब में सत्ताधारी नेता जो आरोप लगा रहे हैं उससे निसंदेह देश का माहौल बिगड़ गया है और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इन दोनों ही पक्षों की इस आरोप-प्रत्यारोप की भिड़ंत के कारण भारत की छवि बुरी तरह से धुमिल हो रही है। अब अगर इतना होने पर भी कांग्रेस के नेता राहुल गांधी को देशद्रोह के आरोपों में गिरफ्तार कर जेल नहीं भेजा जाता तो यह माना जाएगा कि सत्ताधारी दल और विपक्ष मिलकर नूरा कुश्ती खेल रहे हैं जिससे देश की जनता की भावनाएं तो आहत हो ही रही हैं साथ ही पूरी दुनिया में भारत के मान-सम्मान को बड़ा धक्का पहुंच रहा है। इस मामले में जनहित का तकाजा है कि कांग्रेस के आरोपों को खासतौर पर जो वोट चोरी और मुख्य चुनाव आयुक्त की कार्यशैली पर लगाए गए हैं उनकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए वरना झूठे आरोप लगाने पर राहुल गांधी के खिलाफ एनएसए में कड़ी से कड़ी कार्रवाई होनी चाहिए और उन्हें तुरंत गिरफ्तार कर जेल भेजा जाना चाहिए।

